ग्रेटर नोएडा के सैथली गांव में गोलियां बरसाकर हत्या कर दी गई। विरोध में मृतक के परिजनों और ग्रामीणों ने सैथली पुलिस चौकी के पास जीटी रोड पर जाम लगा दिया। उन्होंने आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी और उनके एनकाउंटर की मांग की।
नाली के पानी की निकासी को लेकर अजयपाल और प्रिंस भाटी के बीच विववाद हुआ। पीड़ित पक्ष के मुताबिक, थार और स्विफ्ट कार में सवार प्रिंस भाटी और उसके साथियों ने उन्हें रास्ते में गांव के अंदर घेर लिया। जिसके बाद अजयपाल पक्ष के लोग एकत्रित होकर दुकान पर पहुंच गए। भीड़ को आता देखकर प्रिंस और उसके साथियों ने गोलियां चला दी। गोली लगने से 21 वर्षीय दीपांशु भाटी पुत्र अनूप भाटी और 55 वर्षीय अजयपाल भाटी गंभीर रुप से घायल हो गए। बीच-बचाव में आए राजीव और सतपाल भी घायल हो गए।
इस मामले में अनूप भाटी की तहरीर पर पुलिस ने सैथली गांव निवासी प्रिंस भाटी पुत्र बृजपाल उसके भाई जितेंद्र, आंनदपुर गांव निवासी बोबी तोंगड और सादुल्लापुर गांव निवासी मनोज नागर व अन्य अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। दीपांशु की बहन की दो नवम्बर को शादी होनी है। शादी को लेकर घर में तैयारियां की जा रही थी। 29 अक्तूबर को लग्न सगाई का कार्यक्रम था। दहेज में स्कॉर्पियों कार देने के लिए खरीद ली गई थी। शादी के कार्ड बंट चुके हैं।
दिवाली के दिन हुई दिल दहला देने वाली वारदात से हर कोई सख्ते में आ गया है। सवाल यह है कि प्रिंस ने पहले ही हत्या की साजिश रच ली थी। क्योकि इस मामले में नामजद चार आरोपियों में तीन का अपराधिक इतिहास है, जबकि एक सेंट्रल नोएडा के ईकोटेक—3 कोतवाली का गैंगस्टर भी शामिल है। गाव में कई दिनों से संदिग्ध गाड़ियों में युवक घूमते हुए देखे जा रहे थे। ग्रामीणों के मुताबिक, इनकी गाडियों में हथियार भी होते थे।
पुलिस घटना का मुख्य आरोपी प्रिंस भाटी को बता रही है। बॉबी भाटी उसका बुआ का लड़का है। जबकि मनोज नागर सादुल्लापुर गांव का रहने वाला है। बॉबी की मनोज से रिश्तेदारी है। जितेंद्र भाटी मुख्य आरोपी प्रिंस भाटी का बड़ा भाई है। प्रिंस भाटी पर जानलेवा करने और हत्या का मुकदमा दर्ज है। वहीं, बॉबी तोंगड़ भी जेल जा चुका है। मनोज नागर ईकोटेक-3 कोतवाली का गैंगस्टर है। वह हत्या के मामले में जेल जा चुका है।
प्रिंस भाटी ने गांव के ही स्कूल में 11वीं क्लास की पढ़ाई के दौरान अध्यापक पर गोली चलाई थी। हालांकि, नाबालिग होने की वजह से वह बच गया। फिर उसने 2017 में भी एक फायरिंग की घटना को अंजाम दिया। इस मामले में वह जेल भी गया था। आरोपी ने सिकंदराबाद क्षेत्र में एक फायरिंग की घटना को अंजाम दिया था। दसरे पक्ष के लोगों ने प्रिंस के घर पर आकर गोलियां चलाई थी। जिसके बाद प्रिंस ने अपने घर को पूरी तरह सीसीटीवी कैमरों से लैस कर दिया। बताया जाता है कि प्रिंस और उसके साथियों को पूरा आंतक था। अब तीनों के दिवाली के दिन सैथली गांव में एकत्रित होने पर कई सवाल खड़े हो रहे है।
यह था पानी का विवाद
मृतक अजयपाल और आरोपी प्रिंस का आस—पास ही घर है। प्रिंस ने अपने घर के सामने सीसी रोड़ को ऊंचा कर दिया। जिसकी वजह से प्रिंस के घर का पानी रास्ते में एकत्रित हो जाता है। बारिश के मौसम में जलभराव की स्थिति ओर गंभीर हो जाती है। जिसकी वजह से धारा सिंह और अजयपाल सिंह से परेशानी होने लगी। ग्रामीणों के अनुसार, प्रिंस भाटी को पानी की शिकायत अजयपाल सिंह द्वारा उसके भाई से करनी नागवार गुजरी। जिसके बाद प्रिंस अपने भाई के साथ उनके घर पहुंचा था।
विवाद को नहीं बढ़ाना चाहता था अजयपाल पक्ष
मृतक अजयपाल का धारा सिंह भाई है। अजयपाल सीआईएसएफ और धारा सिंह गृह मंत्रालय से सेवानिवृत होने के बाद परिवार समेत दादरी में रहने लगे। सैथली गांव में उनका घर और परिवार के अन्य लोग रहते है। घर की साफ—सफाई करने पहुंचे अजयपाल को 19 अक्तूबर को प्रिंस ने थप्पड़ मार दिया था। धारा सिंह को जानकारी हुई तो उन्होंने परिवार के लोग और डीसीपी से कार्रवाई कराने की बात कहते हुए अपने भाई को शांत करा लिया था।
